प्रदेश में प्लाज्मा थेरेपी का जल्द शुरू होगा प्रयोग : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

प्रदेश में प्लाज्मा थेरेपी का जल्द शुरू होगा प्रयोग : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ


- हॉटस्पॉट व अधिक केस वाले जिलों में पूल टेस्टिंग


- कोविड केयर के सभी अस्पतालों में ऑक्सीजन की उपलब्धता अनिवार्य


- प्रदेश में अबतक 1294 केस, कोरोना से 53 जिले प्रभावित


- 1 करोड़ लोगों ने डाउनलोड किया आरोग्य सेतु ऐप


- रमजान के समय सहरी और रोजा इफ्तार घर पर ही करें


- कोरोना वायरस के संबंध में अपर मुख्य सचिव, गृह एवं प्रमुख सचिव स्वास्थ्य ने लोकभवन में की प्रेस कॉन्फ्रेंस


लखनऊ। कोरोना वायरस के संबंध में अपर मुख्य सचिव, गृह अवनीश कुमार अवस्थी एवं प्रमुख सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने मंगलवार को संयुक्त रूप से यहां लोकभवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लॉकडाउन के दूसरे चरण के साथ ही प्रदेश में चिन्हित हॉटस्पॉट की भी समीक्षा की है। सीएम योगी ने चिकित्सा विभाग के अधिकारियों को प्रदेश में प्लाज्मा थेरेपी को बढ़ावा देने का निर्देश दिया है। जिस पर उन्हें अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में 2 जगह प्लाज्मा थेरेपी पर काम चल रहा है। इसके अलावा लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज में भी इस पर काम शुरू कर दिया गया है। इसके साथ ही सीएम योगी ने लॉकडाउन का सख्ती व गंभीरता से पालन करने के लिए प्रदेशवासियों से अपील की है।


अपर मुख्य सचिव, गृह ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा लॉकडाउन के दूसरे चरण की प्रतिदिन समीक्षा की जा रही है। सीएम योगी ने मंगलवार को भी टीम 11 के सदस्यों के साथ बैठक कर कई निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि कोविड केयर के लिए प्रदेश के लेवल—1, लेवल—2 और लेवल—3 के अस्पतालों में ऑक्सीजन और वेंटिलेटर की हर हालत में उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश सीएम योगी ने दिया है। उन्होंने बताया कि कोरोना संक्रमण के कारण प्रदेश के अस्पतालों में कई दिनों से आपातकालीन सेवाएं बंद थी। अब कई सरकारी अस्पतालों में इस सेवा को शुरू करा दिया गया है। सीएम योगी ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा चयनित अस्पतालों में ही आपातकालीन सेवा का उपयोग करें। 


अपर मुख्य सचिव, गृह ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विशेष रूप से पुलिसबल, चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्यकर्मियों को संक्रमण से खुद को बचाने के लिए कहा है। सीएम ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि मानक के अनुरूप पीपीई और मास्क व सेनीटाइजर की व्यवस्था अस्पतालों में उपलब्ध करा दी जाए। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 6 करोड़ से अधिक स्मार्ट फोन एक्टिव हैं, जिनमें से 1 करोड़ लोगों ने आरोग्य सेतु ऐप को डाउनलोड कर लिया है। उन्होंने बताया कि अब तक इस ऐप से 150 से 200 अलर्ट भी प्राप्त हुए हैं। जिनका संज्ञान लेकर कार्रवाई की गई है।     


अपर मुख्य सचिव, गृह बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिया है कि कोटा से आए बच्चों पर सीएम हेल्पलाइन से निगरानी रखी जाए। सीएम योगी ने रमजान के मौके पर अधिकारियों को विशेष हिदायत देते हुए कहा है कि आवश्यक सामग्री की डोर स्टेप डिलीवरी कराई जाए। सीएम योगी ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि रमजान के समय सहरी और रोजा इफ्तार घर पर ही करें। इसके अलावा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अंतरजनपदीय और अंतरराज्यीय आवागमन को रोकने और सख्ती से निगरानी करने का आदेश दिया है। उन्होंने बताया कि झांसी व ललितपुर में कई लोग कंटेनरों में बैठकर सीमा पार कर रहे थे। जिन्हें पुलिस द्वारा पकड़कर क्वारंटीन करा दिया गया है। गाजियाबाद और नोएडा प्रशासन द्वारा दिल्ली बार्डर से आने वालों पर विशेष निगरानी की व्यवस्था करने का निर्देश सीएम योगी ने दिया है। सीएम योगी ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि केवल मालवाहक वाहनों, डॉक्टरों और आवश्यक वस्तुओं के आवागमन को ही रियायत दी जाए।    


अपर मुख्य सचिव, गृह ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर एक्सप्रेस वे, हाईवे और अन्य निर्माण कार्य शुरू करा दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि पूर्वांचल, बुदेंलखंड और गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे का निर्माण फिर से शुरू हो गया है। उन्होंने बताया कि पूर्वांचल एक्सप्रेस वे का कार्य 45 प्रतिशत पूरा हो गया है। वर्तमान समय में इसके निर्माण में 4835 मजदूर लगे हैं। वहीं बुदेंलखंड एक्सप्रेव वे के निर्माण में 2150 मजदूर लगे हैं, हालांकि यहां औसतन 6000 मजदूर की जरूरत होती है। इसके अलावा गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे के निर्माण में 488 मजदूर लगे हैं। इस तरह करीब 7500 मजदूरों को रोजगार देने की व्यवस्था की गई है। इसके अतिरिक्त 1000 अन्य लोगों को भी इन एक्सप्रेस वे के निर्माण से रोजगार मिला है।   


- प्रदेश में अबतक 1294 केस, कोरोना से 53 जिले प्रभावित : प्रमुख सचिव स्वास्थ्य


प्रमुख सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने कहा कि प्रदेश में अबतक 1294 केस सामने आए हैं। जिनमें 1134 एक्टिव केस हैं। उपचार के बाद 1294 में से 140 मरीज पूरी तरह स्वस्थ हो गए हैं और उन्हें घर भेज दिया गया है। प्रदेश के 53 जनपद कोरोना से प्रभावित हैं। 
 
प्रमुख सचिव स्वास्थ्य ने बताया कि सोमवार को प्रदेश में 1478 टीमों द्वारा कोरोना सर्विलांस और सर्वे का कार्य किया गया। वहीं अबतक इस कार्य में 23 हजार टीमों ने भागीदारी की है। उन्होंने बताया कि आइसोलेशन में 1242 और मेडिकल क्वारंटीन में 10800 लोगों को रखा गया है। सोमवार को 3039 सैंपल भेज गए, जिसमें से 2800 सैंपलों की टेस्टिंग कर दी गई है।