भ्रष्टाचार पर योगी का जीरो टॉलरेंस, दो भ्रष्ट अधिकारी को पद से हटाया

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य कर रही उत्तर प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को दो भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ फिर हंटर चलाया है। इस बार जांच में दोषी पाए जाने पर एसडीएम फर्रुखाबाद और सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग के एक अधिकारी को उनके पद से हटा दिया गया है। 


इस विषय में मुख्यमंत्री कार्यालय ने अपने ट्वीटर हैंडल से ट्वीट कर जानकारी दी है। मिली जानकारी के अनुसार एसडीएम फर्रुखाबाद बसंत कुमार गुप्ता पर वाराणसी में तैनाती के दौरान निजी स्वार्थ हेतु 7 करोड़ रुपये की सरकारी भूमि के गबन करने के प्रयास का आरोप था। जिस पर कार्रवाई करते हुए उन्हें पद से हटा दिया गया है।


वहीं सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग में कार्यरत सहायक निदेशक, सूचना, सुहेल वहीद अंसारी को उनके पद से हटा दिया गया है। इसके साथ ही उनकी दो वेतन वृद्धि भी रोक दी गई है। 


सुहेल वहीद अंसारी, सहायक निदेशक, सूचना के विरुद्ध भर्ती प्रक्रिया में शुचिता एवं पवित्रता को न बनाए रखने का आरोप था। उन पर अपने भाई की नियुक्ति के संबंध में धांधली करने का आरोप था। जिस पद के लिए उनका भाई साक्षात्कार देने आया था, उस साक्षात्कार बोर्ड में वह सदस्य के तौर पर शामिल रहे, लेकिन बोर्ड को अपने भाई के साक्षात्कार में सम्मिलित होने की सूचना नहीं दी। जिसकी जांच में उन्हें दोषी पाया गया है और उन पर अनुशासनिक कार्यवाही की गई है।


बता दें कि भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार कार्रवाई कर रहे हैं। अभी दो दिन पहले उन्होंने मिर्जापुर के असिस्टेंट कमिश्नर, वाणिज्य कर को निलंबित कर दिया था। कमिश्नर पर कानपुर में तैनाती के दौरान व्यापारी को धमकाने व वसूली करने का आरोप था।