उ0प्र0 राज्य भण्डारण निगम द्वारा भण्डारित खाद्यान्नों को  सुरक्षित रखने की समुचित व्यवस्था की जाए


 


भण्डारित खाद्यानों की सुरक्षा हेतु कीटनाशक दावाओं का छिडकाव समयानुसार किया जाए


निगम द्वारा भण्डारित खाद्यान्नों की सुरक्षा में किसी प्रकार की ढिलाई व लापरवाही नहीं बरती जाए


-मंत्री, श्री मुकुट बिहारी वर्मा


 


21 मई,लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सहकारिता मंत्री श्री मुकुट बिहारी वर्मा ने कहा कि उ0प्र0 राज्य भण्डारण निगम द्वारा भण्डारित खाद्यान्नों को सुरक्षित रखने की समुचित व्यवस्था की जाये और आवश्यकता अनुसार कीटनाशक दावाओं का छिडकाव समयानुसार किया जाये इसका विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए। निगम द्वारा खाद्यान्न स्टाक का वैज्ञानिक भण्डारण करके उसे पूर्णरूप से सुरक्षित रखा जाये।


     सहकारिता मंत्री श्री वर्मा ने आज विधान भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष में उ0प्र0 राज्य भण्डारण निगम के कार्यों की प्रगति की समीक्षा के दौरान यह निर्देश दिये। उन्होने कहा कि निगम द्वारा भण्डारित खाद्यान्नों की सुरक्षा में किसी प्रकार की ढिलाई व लापरवाही नही बरती जानी चाहिए जिससे कि भण्डारित खाद्यान्नों में किसी प्रकार की कोई समस्या नही होने पाये। श्री वर्मा ने कहा कि निगम द्वारा पी0ई0जी0 योजनान्तर्गत स्वीकृत कुल 06.85 लाख मै0टन क्षमता के गोदामों का निर्माण कराया जाना है, जिनमें से क्रमशः 2.45 लाख मै0टन एवं 3.30 लाख मै0टन क्षमता का निर्माण निजी सहभागियों/फर्मो से ई-टेण्डर के माध्यम से निविदायें आमंत्रित की जा चुकी है तथा शेष क्षमता 1.15 लाख मै0टन निगम को मण्डी परिषद से विभिन्न मण्डी समितियों/सहकारिता विभाग द्वारा प्रस्तावित/उपलब्ध कराये जाने वाले शीतगृहों/रिक्त भूमि पर निगम द्वारा स्वयं कराया जायेगा।


      श्री वर्मा ने कहा कि मण्डी परिषद, उ0प्र0 द्वारा उ0प्र0 राज्य भण्डारण निगम को 37 स्थानों पर 5,000-5,000 मै0टन क्षमता के गोदाम निर्माण हेतु विभिन्न मण्डी स्थलों में उपलब्ध कराई गई भूमि में से 32 मण्डी स्थलों पर गोदाम निर्माण का कार्य प्रारम्भ हो चुका है तथा निर्माण कार्य प्रगति पर है। श्री वर्मा ने समीक्षा के दौरान पाया कि निगम द्वारा राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप निगम के समस्त टेण्डर ई-टेण्डरिंग के माध्यम से कराये जा रहें हैं। निगम के उपयोगार्थ समस्त वस्तुएं ळवअमतदउमदज  म डंतामज ;ळमडद्ध के माध्यम से क्रय की जा रही हैं। जिसके फलस्वरूप प्रतिस्पर्धात्मक दरे प्राप्त होने से राज्य सरकार एव निगम के राजस्व की काफी बचत हुई है। उन्होने यह बताया कि लाॅकडाउन के दौरान निगम द्वारा 17.41 लाख मै0टन चावल एवं गेहूॅ स्टाक का भण्डारण अपने गोदामों मे किया गया तथा 16.49 लाख मै0टन0 चावल एवं गेहूॅ की निकासी पी0डी0एस0 हेतु की गयी।


श्री वर्मा ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2014-15 में निगम की भण्डारण क्षमता 33.69 मै0टन, उपयोगिता 24.90 लाख मै0टन एवं उपयोगिता का प्रतिशत 73.90 था। वित्तीय वर्ष 2019-20 में भण्डारण क्षमता बढ़कर 40.62 लाख मै0टन, उपयोगिता 34.89 लाख मै0टन एवं उपयोगिता का प्रतिशत 85.73 हो गया। निगम द्वारा वर्ष 2019-20 में 23.80 लाख मै0टन चावल का भण्डारण एवं वर्ष 2020-21 दिनाॅंक 20.05.2020 तक लगभग 10.00 लाख मै0 टन गेहॅू का भण्डारण किया जा चुका है। उन्होने बताया कि निगम के सकल व्यवसाय एवं शुद्ध लाभ में उत्तरोत्तर वृद्धि हो रही है वर्ष 2015-16 में सकल आय रू0-41402.47 लाख शुद्ध लाभ रू0-5123.28 लाख वर्ष 2016-17 में सकल आय रू0-49385.81 लाख शुद्ध लाभ रू0-4565.62 लाख रहा तथा वर्ष 2017-18 में सकल आय रू0-51570.98 लाख शुद्ध लाभ रू0-8743.08 लाख, वर्ष 2018-19 में सकल आय रू0-49298.83 लाख शुद्ध लाभ रू0-8565.35 लाख एवं वर्ष 2019-20 में सकल आय रू0-50948.42 लाख शुद्ध लाभ रू0-9480.20 लाख अनुमानित है।


समीक्षा के दौरान उ0प्र0 राज्य भण्डारण निगम के प्रबन्ध निदेशक श्री श्रीकान्त गोस्वामी ने सहकारिता मंत्री जी को  अवगत कराया कि उ0प्र0 शासन के आदेश के अनुपालन में वर्ष 2001 तक के कार्यरत 521 आकस्मिक/संविदा कर्मचारियों का विनियमितीकरण किया गया है। शेष कार्मिकों के विनियमितीकरण की कार्यवाही प्रक्रिया में है। उन्होने बताया कि निगम के प्रधान कार्यालय/क्षेत्रीय कार्यालय/भण्डारगृहों के दिन-प्रतिदिन के कार्यों को आनलाइन किया जा रहा है। जिसके अन्तर्गत भण्डारगृहों के प्रत्येक कार्य दिवस की प्राप्ति/निकासी का लाइव विवरण निगम के साफ्टवेयर के माध्यम से क्षेत्रीय कार्यालयों/प्रधान कार्यालय व केन्द्रीय भण्डारण निगम तथा भारतीय खाद्य निगम को प्राप्त होगा।


प्रबन्ध निदेशक श्री गोस्वामी ने बताया कि भारत सरकार की योजनानुरूप उ0प्र0 सरकार द्वारा 05 लाख मै0टन के साइलो निर्माण हेतु उ0प्र0 राज्य भण्डारण को ब्वदजतंबजपदह ।हमदबलध्छवकंस ।हमदबल नामित किया गया है। इसके तहत भण्डारण निगम द्वारा आगामी वर्षों में 05 लाख मै0टन क्षमता के स्टील साइलो का निर्माण पी0पी0पी0 (निजी सहभागी) आधार पर कराया जाना है जिसके तहत ललितपुर, पीलीभीत एवं हमीरपुर में 50,000-50,000 मै0टन कुल 1.5 लाख मै0टन के साइलो निर्माण की कार्यवाही प्रक्रिया में है।


इस अवसर पर बैठक में प्रमुख सचिव, सहकारिता, श्री एम0वी0एस0 रामी रेड्डी, विशेष सचिव, सहकारिता श्री जुनीद अहमद सहित निगम के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे


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