श्री कैलाश मानसरोवर की यात्रा करिए 01 लाख ₹ पाइए
- उप्र निवासियों के लिए श्री कैलाश मानसरोवर यात्रा में 

योगी सरकार 01 लाख रूपये देगी

 

लखनऊ, 11 जुलाई। भारत सरकार द्वारा आयोजित की जाने वाली श्री कैलाश मानसरोवर यात्रा करने वाले उत्तर प्रदेश के मूल निवासी, जो मौजूदा समय में प्रदेश में निवास कर रहे हैं, उन्हे प्रदेश सरकार एक लाख रूपये तक का अनुदान दे रही है। कैलाश मानसरोवर भारत के निवासियों की आस्था का केन्द्र बिन्दु है। शास्त्रों में यह उल्लिखित है कि भगवान शिव का वास कैलाश पर्वत पर है। आस्था और श्रद्धा से अभिभूत होकर लोग कैलाश की यात्रा करते हैं और अपने आराध्य देव महादेव के निवास स्थल का दर्शन कर अपने को धन्य मानते हैं। ऐसा माना जाता है कि जो लोग कैलाश और मानसरोवर की यात्रा कर वहां का दर्शन करते हैं, वे बड़े सौभाग्यशाली होते हैं।

 

प्रदेश सरकार ने वर्ष 2018-19 में 1127 तीर्थयात्रियों को श्री कैलाश मानसरोवर की यात्रा कराकर धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने में मह

त्वपूर्ण कार्य किया है। जो तीर्थयात्री श्री कैलाश मानसरोवर की यात्रा कर वापस आ गये हैं उन्हें सरकार द्वारा 01-01 लाख रूपये का अनुदान उनके खातों में भेजा जा चुका है। प्रदेश सरकार ने अनुदान प्राप्त करने की प्रक्रिया भी आसान एवं पारदर्शी कर दी है। श्री कैलाश मानसरोवर की यात्रा करने वाले स्वस्थ व्यक्ति आनलाइन आवेदन वांछित अभिलेखों के साथ निर्धारित तिथि तक कर सकते हैं।

 

उत्तर प्रदेश सरकार धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सतत् प्रयत्नशील है। सरकार धार्मिक पर्यटन को उत्तर प्रदेश के सामान्य निवासियों के लिए सरल और सुलभ करा रही है। प्रदेश सरकार एक तरफ जहां हज यात्रा पर जाने वाले हज यात्रियों की सुविधा, उनके सुगमतापूर्वक हज यात्रा कर वापस लौटने हेतु विशेष प्रयास कर रही है, वही दूसरी तरफ श्री कैलाश मानसरोवर तीर्थ यात्रियोें को आर्थिक सहायता एवं अनुदान प्रदान कर धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा दे रही है।

भारत सरकार द्वारा आयोजित की जाने वाली श्री कैलाश मानसरोवर यात्रा में शामिल होने वाले उत्तर प्रदेश के मूल निवासियों, जो मौजूदा समय में प्रदेश में निवास कर रहे हों, उनको उत्तर प्रदेश सरकार एक लाख रूपये की धनराशि अनुदान स्वरूप दे रही है। अनुदान प्राप्त करने की प्रक्रिया को आसान एवं पारदर्शी बनाने के लिए आवेदन आनलाइन किया गया है। आवेदक को धर्मार्थ कार्य विभाग की वेबसाइट पर यात्रा पूरी करने के उपरान्त 90 दिवस (तीन माह के भीतर) में सुसंगत प्रमाण-पत्रों को स्कैन कर अपलोड करना अनिवार्य है। आवेदकों की सुविधा के लिए विभागीय वेबसाइट पर आवेदन से संबंधित निर्देश भी अपलोड किये गये हैं।

 

अधिक से अधिक तीर्थ यात्रियों को इसका लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से भारत सरकार द्वारा करायी जाने वाली इस यात्रा में सम्मिलित होने वाले यात्रियों के अलावा अपने व्यक्तिगत óोतों से तथा प्राइवेट टेªवेल्स एजेन्सी के माध्यम से यात्रा पूर्ण करने वाले यात्रियों को भी अनुदान देय होगा।

सरकार के सकारात्मक प्रयासों के फलस्वरूप निश्चय ही भविष्य में उत्तर प्रदेश से बड़ी संख्या में लोग श्री कैलाश मानसरोवर की यात्रा करेंगे और धार्मिक पर्यटन का आनंद प्राप्त करेंगे।

Popular posts
डाबर का शुद्ध गाय घी के साथ घी श्रेणी में प्रवेश
इण्डो-नेपाल बार्डर मार्ग निर्माण परियोजना के अंतर्गत भूमि अध्याप्ती को 15 करोड़ रू. आवंटित
राष्ट्रीय स्वाभिमान, शक्ति, स्वाधीनता और संपन्नता के प्रतीक थे महाराणा प्रताप और राजा छत्रसाल : स्वामी मुरारीदास
Image
पूर्वांचल विकास निधि से मिर्जापुर व बलिया के 4 मार्गों के निर्माण को धनराशि आवंटित
उप्र सरकार भर्तियों के नाम पर नौजवानों से कर रही है लूट : वंशराज दुबे
Image